तुमने जो थे गीत सुनाये
रात हमारे स्वप्न में आये
पाया हमने जैसा भी हो
क्षण भर का सम्मान
गाओ पुनः पुराना गान १
है व्याकुल सुन गान
तुम्हारे
सुन ण सके जो कान हमारे
एक बार फिर सहज रूप से
करदो तुम आसान
गाओ पुनः पुराना गान २
जो मैंने तब नहीं सुने
थेजो
जो जो हमने स्वप्न बुने
थे
उन सपनो का अपने मन से मत
करना अवसान
गाओ पुनः पुराना गान ३
गाओ फिर तुम वही तराना
जो रह गया था शेष सुनना
ना बाधा ना कोई रुकावट ना
कोई व्यवधान
गाओ पुनः पुराना गान ४
ज्ञात है हमको आ ना सकोगे
हमको तुम फिर पा ना सकोगे
किन्तु फिर भी करदो पुरे
एक बार अरमान
गाओ पुनः पुराना गान ५
जीवन की बस एक ही आशा
तुमको पाने की अभिलाषा
एक बार फिर हो जाये हम
दोनों ही नादान
गाओ पुनः पुराना गान ६
जैसा हमने तुमको पा कर
तुमको अपने पास बुला कर
करना चाहू एक बार फिर
वैसा ही अभिमान
गाओ पुनः पुराना गान ७
छोटी सी प्रेम कथा से
मेरी तुम इस विरह व्यथा
से
मन में धर लो एक बार टो
मत न बनो अंजान
गाओ पुनः पुराना गान ८
मेरा जीवन तुम्हे समर्पित
पल पल मेरा तुमको अर्पित
ऐसे ही कुछ शब्दों का तुम
फिर से करो बखान
गाओ पुनः पुराना गान ९
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें